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Mohammed Rafi Timeless Evergreen song : बॉलीवुड के महान प्लेबैक सिंगर किशोर कुमार ने पहले तो इस फिल्म के दो गाने गाए. दोनों ही गाने आज भी हिट हैं फिर अचानक उन्होंने अगला सॉन्ग गाने से इनकार कर दिया. संगीतकार एसडी बर्मन ने उन्हें खूब मनाया लेकिन किशोर दा नहीं माने. गाना अमिताभ बच्चन पर फिल्माया जाना था. ये बात उस समय की है जब अमिताभ बच्चन सुपर स्टार नहीं बने थे. थक-हारकर एसडी बर्मन मोहम्मद रफी के पास पहुंचे. मोहम्मद रफी ने उसी गाने को अमर कर दिया. आज भी यह गाना हर कपल का फेवरेट है. 53 साल बाद भी इसका क्रेज खत्म नहीं हुआ है. वो गाना कौन सा था, फिल्म कौन सी थी, किशोर कुमार ने गाना गाने से क्यों इनकार किया, आइये जानते हैं पूरी कहानी……..

लीजेंड सिंगर किशोर कुमार बहुत ही मूडी इंसान थे. कई बार तो घर पर होते हुए भी डायरेक्टर-प्रोड्यूसर से नहीं मिलते थे. गाने अपनी शर्तों पर गाते थे. कई बार तो कुर्ता-हवाई चप्पल पहनकर स्टूडियो पहुंच जाते थे. एक बात तो उन्होंने अमिताभ बच्चन के लिए गाना गाने से इनकार कर दिया था. फिल्म में एसडी बर्मन म्यूजिक दे रहे थे. एसडी बर्मन ही किशोर दा को सिंगिंग में लेकर आए थे. वो उन्हें अपना बेटा मानते थे. थक-हारकर एसडी बर्मन ने यह गाना मोहम्मद रफी से गवाया. रफी साहब ने इस गाने को अपनी मखमली आवाज से अमर कर दिया. हम बात कर रहे हैं ‘अभिमान’ फिल्म के गाने ‘तेरी बिंदिया रे’ की जिसे मोहम्मद रफी-लता मंगेशकर ने गाया था.

‘तेरी बिंदिया रे’ गाना पर्दे पर अमिताभ बच्चन-जया भादुड़ी (जया बच्चन) पर फिल्माया गया था. फिल्म ‘अभिमान’ 27 जुलाई 1973 में रिलीज हुई थी. इस फिल्म के दो माह पहले ही अमिताभ बच्चन की जंजीर (मई 1973) में रिलीज हुई थी. अभिमान एक म्यूजिकल ड्राम फिल्म थी जिसका डायरेक्शन ऋषिकेश मुखर्जी ने किया था. फिल्म में अमिताभ बच्चन, जया बच्चन, असरानी, बिंदु और डेविड जैसे सितारे थे. यह फिल्म आज भी अपने गीत-संगीत के लिए या की जाती है. एसडी बर्मन को बेस्ट म्यूजिक डायरेक्टर का फिल्म फेयर अवॉर्ड भी मिला था. फिल्म के गाने हसरत जयपुरी ने लिखे थे.

फिल्म की कहानी को लेकर कई तरह के दावे किए जाते हैं. कुछ का कहना है कि फिल्म की कहानी सितारवादक रवि शंकर और उनकी पत्नी अन्नपूर्णा देवी की पर्सनल लाइफ पर बेस्ड थी. कुछ का दावा है कि कहानी लीजेंड सिंगर किशोर कुमार और उनकी पहली पत्नी रूमा गुहा ठाकुरता की लाइफ पर बेस्ड है. 1970 में इस फिल्म की कहानी से मिलती-जुलती एक बंगाली फिल्म बिलामबिता ब्वॉय भी रिलीज हुई थी.
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डायरेक्टर ऋषिकेश मुखर्जी ने अपने एक इंटरव्यू में दावा करते हुए कहा था, ‘यह सच है कि ‘अभिमान’ फिल्म की कहानी सिंगर रूमा गुहा ठाकुरता की शादी पर बेस्ड थी.’ रूमा लीजेंड सिंगर किशोर कुमार की पहली पत्नी थीं. किशोर कुमार ने फिल्म के दो गाने ‘मीत ना मिला मेरे मन का’ और ‘तेरे मेरे मिलन की ये रैना’ तो गा दिए लेकिन जैसे ही उन्हें पता चला कि फिल्म की कहानी उनकी शादीशुदा जिंदगी पर बेस्ड है, तो उन्होंने फिल्म के और गानों में अपनी आवाज देने से इनकार कर दिया.

किशोर कुमार और रूमा गुहा ठाकुरता की शादी 1951 में हुई थी. यह किशोर दा की पहली शादी थी जो कि सिर्फ आठ साल ही टिक पाई. सिंगर अमित कुमार के जन्म के बाद 1958 में दोनों का तलाक हो गया. दोनों अपनी अलग-अलग प्राथमिकताओं के कारण अलग हो गए. किशोर दा से तलाक लेने के बाद रूमा जी ने डायरेक्टर अरूप गुहा ठाकुरता से शादी की थी. 3 जून 2019 के दिन रूमा गुहा 84 साल की उम्र में ये दुनिया छोड़कर चली गई थी.

‘अभिमान’ फिल्म की शूटिंग के दौरान अमिताभ-जया बच्चन की शादी नहीं हुई थी. बिग ने केबीसी के सेट पर इस फिल्म से जुड़ा किस्सा बताते हुए कहा था, ‘फिल्म का म्यूजिक और कहानी खूबसूरत थी. कभी-कभी म्यूजिक डायरेक्टर एसडी बर्मन और मैं एक साथ बैठते थे. गाने सुनते थे. सिचुएशन के मुताबिक नई कंपोजिशन बनाते थे. लता मंगेशकर हमेशा पूछती थीं कि क्या गाना तैयार है. कौन गाएगा?’

फिल्म का एक बहुत ही खूबसूरत गाना ‘लूटे कोई मन का नगर’ सिंगर मुकेश को गाना था. जब उन्होंने मनहर उधास की आवाज डेमो वर्शन में सुनी तो उन्होंने गाने से इनकार कर दिया. उन्हें लगा कि यह गाना मनहर की आवाज में ही होना चाहिए. बॉलीवुड की मशहूर प्लेबैक सिंगर अनुराधा पौडवाल ने अपना बॉलीवुड डेब्यू इसी फिल्म से किया था. उन्होंने फिल्म में जया बच्चन के लिए संस्कृत में एक श्लोक गाया था.

यह फिल्म जुलाई 1973 में रिलीज हुई थी और जून 1973 में दोनों ने शादी कर ली थी. फिल्म में अमिताभ-जया बच्चन का पैसा लगा हुआ था. दोनों ने ‘अमिया’ नाम से प्रोडक्शन हाउस खोला था. हालांकि फिल्म के क्रेडिट में प्रोड्यूसर के तौर पर पवन कुमार और सुशीला कामत का नाम था. पवन कुमार उन दिनों अमिताभ के सेक्रेटरी थी. सुशीला कामत ऋषिकेश मुखर्जी की चीफ असिस्टेंट थीं. 65 लाख के बजट में बनी इस फिल्म ने 1.45 करोड़ का कलेक्शन किया था फिर भी बॉक्स ऑफिस पर औसत ही रही थी. फिल्म बहुत अच्छी थी. अमिताभ-जया का काम बहुत अच्छा था. आज भी यह मूवी अपने गीत-संगीत के लिए याद की जाती है.
