समीर वानखेड़े ने सितंबर 2025 में दिल्ली हाईकोर्ट में रेड चिलीज एंटरटेनमेंट (शाहरुख खान और गौरी खान की कंपनी), नेटफ्लिक्स और अन्य के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर किया था. उन्होंने सीरीज में एक किरदार का दावा किया जो उनसे काफी मिलता-जुलता है और उनकी छवि को खराब करने का प्रयास करता है. यह किरदार कथित तौर पर ओवरजियस ऑफिसर को दिखाता है, जो 2021 में आर्यन खान के क्रूज ड्रग रेड से जुड़ा है, जहां समीर ने जांच की थी और बाद में वे सभी आरोपों से क्लीन चिट पा चुके हैं.
समीर में याचिका की मांग
याचिका में समीर ने सीरीज की उन सीन को हटाने, आगे प्रसारण पर रोकने और 2 करोड़ रुपये का हर्जाने की मांग की थी. उन्होंने कहा था कि इस राशि को वह टाटा मेमोरियल कैंसर हॉस्पिटल में कैंसर मरीजों के इलाज के लिए दान करना चाहते थे.
क्यों पहुंचे बॉम्बे कोर्ट
31 जनवरी को दिल्ली हाईकोर्ट में इस मामले की सुनवाई जस्टिस विकास महाजन की बेंच के सामने हुई. अदालत ने साफ किया था कि इस केस में दिल्ली कोर्ट का क्षेत्रीय अधिकार क्षेत्र नहीं बनता, इसलिए समीर वानखेड़े को यह मामला मुंबई की सक्षम अदालत में ले जाने की स्वतंत्रता दी जाती है. कोर्ट के निर्देश दिया, समीर वानखेड़े अब दिंडोशी स्थित सिटी सिविल एंड सेशंस कोर्ट में अपनी याचिका पेश की है. दोनों पक्षों को 12 फरवरी को मुंबई कोर्ट में पेश होने का आदेश भी दिया गया है.
आर्यन खान का डायरेक्टोरियल डेब्यू है ‘द बैड्स ऑफ बॉलीवुड’
आपको बता दें कि ‘द बैड्स ऑफ बॉलीवुड’ आर्यन खान का डायरेक्टोरियल डेब्यू है, जो रेड चिलीज एंटरटेनमेंट के बैनर तले नेटफ्लिक्स पर स्ट्रीम हो रही है. सीरीज में लक्ष्य लालवानी, बॉबी देओल, साहेर बंबा, मनोज पाहवा, मोना सिंह, मनीष चौधरी, राघव जूयल, अन्या सिंह और अन्य कलाकार हैं. प्लॉट एक महत्वाकांक्षी आउटसाइडर के बारे में है जो बॉलीवुड में जगह बनाने की कोशिश करता है और इंडस्ट्री की कटथ्रोट, ग्लैमरस लेकिन क्रूर प्रकृति को देखता है. अब सभी की नजरें 12 फरवरी की सुनवाई पर टिकी हैं, जहां यह तय होगा कि यह विवाद आगे किस कानूनी मोड़ पर जाता है.
