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Shani Nakshatra Parivartan 2026: शनि जयंती के ठीक अगले दिन यानी 17 मई 2026 को न्याय और कर्मफल के देवता माने जाने वाले शनिदेव रेवती नक्षत्र में गोचर करने जा रहे हैं. ज्योतिष शास्त्र में शनि के नक्षत्र परिवर्तन को बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है, क्योंकि इसका सीधा प्रभाव सभी 12 राशियों के जीवन, करियर, आर्थिक स्थिति और पारिवारिक मामलों पर पड़ता है. इस बार शनि का रेवती नक्षत्र में प्रवेश कुछ राशियों के लिए चुनौतीपूर्ण संकेत दे रहा है. इस दौरान इन राशियों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी जा रही है…

Shani Nakshatra Parivartan 2026 Rashifal: शनिदेव 17 मई को रेवती नक्षत्र में गोचर करने वाले हैं, जो ज्योतिषीय दृष्टिकोण से बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है. शनि का नक्षत्र परिवर्तन शनि जयंती के ठीक एक दिन बाद होने जा रहा है. वैदिक ज्योतिष के अनुसार, शनि इस राशि में मीन राशि में हैं और वह 17 मई को उत्तरा भाद्रपद से निलकर रेवती नक्षत्र में दोपहर 2 बजकर 34 मिनट पर प्रवेश करेंगे. न्याय व कर्म के कारक ग्रह शनि सभी ग्रहों में सबसे धीमी गति से चलने वाले ग्रह हैं इसलिए शनि की हर चाल का प्रभाव बेहद लंबे समय तक बना रहता है. शनि का रेवती नक्षत्र में प्रवेश मेष, कर्क समेत 4 राशि वालों के लिए मध्यम फलदायी रहने वाला है. आइए जानते हैं शनि के रेवती नक्षत्र में प्रवेश करने से किन किन राशियों को सावधान रहने की आवश्यकता है.
मेष राशि: बढ़ सकता है विवाद और आर्थिक दबाव
शनि का नक्षत्र परिवर्तन मेष राशि वालों के लिए मानसिक तनाव और कार्यक्षेत्र में चुनौतियां ला सकता है क्योंकि आपकी राशि पर शनि की साढ़ेसाती का प्रभाव भी बना हुआ है. इस दौरान नौकरी और व्यापार में प्रतिस्पर्धा बढ़ सकती है, जिसकी वजह से काफी भागदौड़ करनी पड़ सकती है. गर्मी में अपनी सेहत का ध्यान रखें अन्यथा डॉक्टर के पास जाना पड़ सकता है. किसी करीबी व्यक्ति से मतभेद होने की आशंका बन रही है. आर्थिक मामलों में लापरवाही नुकसान का कारण बन सकती है, इसलिए निवेश और बड़े खर्च सोच-समझकर करें.
कर्क राशि: परिवार और स्वास्थ्य पर दें ध्यान
शनि के नक्षत्र परिवर्तन से कर्क राशि वालों को कई तरह की परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है. कर्क राशि वालों को इस दौरान पारिवारिक जिम्मेदारियां बढ़ सकती हैं. साथ ही घर के माहौल में तनाव या किसी सदस्य की सेहत को लेकर चिंता बनी रह सकती है. इस राशि के नौकरी पेशा जातकों को ऑफिस में साथ काम करने वालों की वजह से परेशानी हो सकती है, जिसकी वजह से नई नौकरी की तलाश कर सकते हैं. ज्योतिष के अनुसार इस समय भावनाओं में बहकर कोई बड़ा फैसला लेने से बचना चाहिए. गर्मी के मौसम में स्वास्थ्य को लेकर भी सतर्क रहने की जरूरत है.
कुंभ राशि: करियर में बढ़ सकती हैं चुनौतियां
कुंभ राशि के लोगों के लिए शनि का गोचर करियर और आर्थिक मामलों में उतार-चढ़ाव ला सकता है क्योंकि आपकी राशि पर शनि की साढ़ेसाती का प्रभाव बना हुआ है. इस दौरान कुंभ राशि वालों को जीवन के हर क्षेत्र में बेहद सावधानी बरतनी होगी और वाहन चलाते समय भी सावधानी रखने की जरूरत होगी. इस राशि के नौकरी पेशा जातकों पर ऑफिस में काम का दबाव बढ़ सकता है और अधिकारियों के साथ तालमेल बनाकर चलना जरूरी होगा. बिजनेस करने वालों को साझेदारी के मामलों में सतर्क रहना चाहिए. किसी पुराने विवाद के दोबारा सामने आने की भी आशंका बन रही है.
मीन राशि: मानसिक तनाव और खर्च बढ़ने के संकेत
मीन राशि वालों के लिए शनि का नक्षत्र गोचर मानसिक उलझन और अनावश्यक खर्च बढ़ा सकता है क्योंकि आपकी राशि पर शनि की साढ़ेसाती का प्रभाव बना हुआ है. इस दौरान यात्रा के मामले में सावधानी रखने की सलाह दी जा रही है. परिवार और रिश्तों में गलतफहमियां पैदा हो सकती हैं, जिसकी वजह से मानसिक तनाव हो सकता है. नौकरीपेशा लोगों को ऑफिस की राजनीति से दूर रहने की जरूरत है अन्यथा फिजूल के मामलों में फंस सकते हैं और बात बड़े अधिकारियों तक पहुंच सकती है. मीन राशि वालों को इस अवधि में आर्थिक मामलों में जोखिम लेने से बचना बेहतर रहेगा.
क्या करें उपाय?
ज्योतिषाचार्यों के अनुसार शनि के अशुभ प्रभाव को कम करने के लिए शनिवार के दिन शनिदेव की पूजा करना शुभ रहेगा. पीपल के पेड़ के नीचे सरसों के तेल का दीपक जलाना, काला तिल और उड़द का दान करना लाभकारी माना गया है. इसके अलावा ॐ शं शनैश्चराय नमः मंत्र का 108 बार हर दिन जाप करने से मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त हो सकती है.
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पराग शर्मा Hindi News18 Digital में Chief Sub Editor के पद पर कार्यरत हैं. वर्तमान में धर्म, ज्योतिष, ग्रह-नक्षत्र, राशि और वास्तु से जुड़ी खबरों पर काम कर रहे हैं. भारतीय धार्मिक परंपराओं, ज्योतिष शास्त्र, मेद…और पढ़ें
